दीपावली पर खूब बिक रहे है मिट्टी के दिए - Khabar NonStop
मेरठ-कहते हैं कि भगवान के घर देर है अंधेर नहीं… ये कहावत इन दिनों मिट्टी को आकार देने वाले कुम्हारों पर सटीक बैठती है। ये कुम्हार हर साल इस आस में दिए बनाते हैं कि दिवाली के दिन इनका घर भी रोशन हो सके…. लेकिन हर बार चाइनीज माल इनके अरमानों पर पानी फेर देता, लेकिन इस बार स्थिति पलट गई है। मार्केट में लगातार बढ़ रही मिट्टी के दियो की मांग को देखते हुए लग रहा है कि इस बार शायद इन कुम्हारों के दिन बहुर जाएगें।
कुम्हारो की भी हो रही चांदी
दिपावली दियों का त्योहार है लेकिन हर साल लाइटें को सामने दियों की रोशनी कहीं न कहीं फिकी नजर आती है लेकिन इस बार मार्केट में मिट्टी के दीयों का बाजार बहुत अच्छा है और डिमांड को देखते हुए मिट्टी को आकार देने वाले कुम्हारों ने भी एक से बढ़कर एक दियों को डिजायन किया है.. जिनको टेराकोटा से सजाया गया। रंगो के साथ ही स्टोन का इस्तेमाल इन दियों को तैयार करने के लिए किया गया है। सबसे बड़ी बात ये है कि ये दिये जब आपके घर में रोशनी बिखेरेंगें तो दूसरी ओर इन दियों को बनाने वालो के घर भी रोशन होगें क्योकि इन दियों को बेचने के बाद ही इन लोगो को मेहनत की कमाई मिल पाती है। साल भी कुम्हार दिवाली का इंतजार करते हैं क्योकि इस त्यौहार पर दियों की सबसे ज्यादा ब्रिकी होती है।
ऐसे करें दीपावली में नकली मिठाई की पहचान
कैंट बोर्ड ने दिया तोहफा
मिट्टी को आकार देने वाले और खुद से लकड़ी और मिट्टी की मूर्तियां तैयार करने वालों को मेरठ कैंट बोर्ड ने भी तोहफा दिया है। दरअसल, कैंट बोर्ड में आने वाले बाज़ारों में मिट्टी के दीये और घर को सजाने के लिए लकड़ी या फिर हाथ से बना सामान बेचने वालों से छावनी परिषद ना तो कोई शुल्क लेगा और ना ही तहबाज़ारी, इतना ही नहीं सड़को के किनारें दुकान लगाने वाले इन छोटे दुकानदारों को कैंट बोर्ड से अनुमति लेने की भी ज़रूरत नहीं है। दरअसल, ईको फ्रेंडली दीपावली मनाने की दिशा में ये फैसला लिया है, जिसमें उन छोटे दुकानदारों को बढ़ावा दिया जा रहा है, जो मिट्टी के दीये या घर को सजाने के लिए हाथ से बने लकड़ी के सामान को बेच रहे हैं। कैंट बोर्ड के अंडर में आने वाले बाज़ारों में ऐसे दुकानदार कहीं भी दीये या अन्य सामान को आसानी से बेच सकते है।
दीवाली के दिये की तरह रौशनी करो!
from Latest News in Hindi http://ift.tt/2xNCE5E
Comments
Post a Comment