ये रहा सबूत! यहां हुआ था राम और रावण का घमासान युद्ध
इंटरनेट डेस्क। रामायण से जुडी कुछ महान बातों को तो आप भी जानते ही होंगे जैसा कि रामायण में यह बताया गया है कि लंका को रावण की नगरी के नाम से जाना जाता था लेकिन अब यह जगह श्रीलंका के नाम से प्रसिद्ध है और आज हम आपको श्रीलंका में स्थित उन पांच जगहों के बारे में बताने जा रहे है जहां पर आज भी रामायण्ा की कई निशानियां देखने को मिलती है जिन्हें देखने पर यह महसूस होता है कि आज भी इस जगह भगवान का वास है। इस वजह से यह जगह बहुत ही प्रसिद्ध है। आइए जानते है उन पांच जगहों के बारे में …..
(1) ये है वो जगह जहां राम और रावण में युद्ध हुआ था :-
अब तक रामायण की रिसर्च कमेटी के द्वारा जितने भी अनुसंधान किए गए है उनमें यह बताया गया है कि जब भगवान हनुमान ने श्रीलंका में प्रवेश किया था उसके उत्तर दिशा में नागदीप पर निशान मिले है। इस रिसर्च कमेटी के द्वारा उस स्थान की भी खोज कर ली गई है जहां राम व रावण के बीच बहुत ही घमासान युद्ध हुआ था। आपको बता दें कि श्रीलंका में इस युद्घ-स्थान जहां भगवान राम ने रावण का संहार किया था इसको आज भी युद्घगनावा के नाम से जाना जाता है और इसी वजह से श्रीलंका में यह जगह बहुत ही प्रसिद्ध है।
(2) लंका में माता सीता का निवास स्थान :-
आप भी इस बात से परिचित होंगे कि रावण ने सीता माता का हरण करने के बाद उनको अशोक वाटिका में रखा था। श्रीलंका में अब यह जगह “सेता एलीया” के नाम से प्रसिद्ध है। यह जगह श्रीलंका में ये नूवरा एलिया नामक जगह के पास स्थित है यही नहीं इस जगह की एक और खास बात यह है कि यहां सीता माता का एक मंदिर है और उसके पास में एक झरना बहता है। यह इस मंदिर की शोभा बढ़ाता है। और इस जगह के बारे में लोगों का यह मानना है कि यहां देवी सीता माता स्नान करती थीं। ऐसा इसलिए अनुमान लगाया गया है क्योंकि इस इस झरने के आसपास की चट्टानों पर हनुमान जी के पैरों के निशान भी मिलें है। और इस जगह की यह भी मान्यता है कि यही वो पर्वत है जहां भगवान हनुमान ने पहली बार कदम रखा था। श्रीलंका में अब इस पवित्र स्थान को पवाला मलाई के नाम से जाना जाता है। बता दें कि यह पर्वत लंकापुरा और अशोक वाटिका के बीच में स्थित है।
(3) ये है वो जगह जहां गिरे थे माता सीता के आंसू :-
इस जगह के बारे में यह मान्यता है कि जब रावण सीता माता का हरण करके अपनी नगरी ले जा रहा था तब इस जगह सीता जी के आंसू गिरे थे और तभी से यह जगह जिसने एक तालाब का रूप ले लिया “सीता अश्रु ताल” के नाम से प्रसिद्ध हो गई। यह जगह श्रीलंका में कैंडी नामक स्थान से करीबन 50 किलोमीटर दूर “नम्बारा एलिया मार्ग” पर स्थित है और अब इस जगह को “सीता टियर तालाब” के नाम से जाना जाता है। इस तालाब की यह खास बात है कि भंयकर गर्मी के दिनों में जब आसपास के कई तालाबों का पानी सूख जाता है लेकिन यह तालाब हमेंशा भरा रहता है और हां इस तालाब की एक और खास बात यह है कि इसके आसपास जितने भी तालाब है उनका पानी मीठा है लेकिन इस तालाब का पानी खारा है।
(4) माता सीता ने यहां दी थी अग्नि परीक्षा :-
आपको बता दें कि श्रीलंका में एक वेलीमड़ा नाम की जगह है और उस जगह पर एक “डिवाउरूम्पाला’ मंदिर है। इस मंदिर की खास बात यह है कि यहां पर माता सीता ने अग्नि परीक्षा दी थी और यहां के रहने वाले लोग इस जगह सुनवाई करके न्याय करने का काम करते है। क्योंकि लोगों कि इस जगह के बारे में यह मान्यता है जिस तरह इस जगह पर देवी सीता ने अपनी सच्चाई साबित की थी उसी तरह हमारे द्वारा इस जगह पर लिया गया हर फैसला सही होता है। श्रीलंका में यह जगह बहुत ही प्रसिद्ध है।
(5) जानिए इस जगह उतरता था पुष्पक विमान :-
आपको बता दें कि श्रीलंका में एक शहर है जो सिन्हाला के नाम से प्रसिद्ध है। और इस जगह एक वेरागनटोटा नाम की जगह है जिसका मतलब होता है विमान उतरने की जगह। इस जगह के बारे में लोगों की यह मान्यता है कि यही वो जगह है जहां रावण अपना पुष्पक विमान उतारता था। इसी वजह से श्रीलंका में यह जगह प्रसिद्ध है।
The post ये रहा सबूत! यहां हुआ था राम और रावण का घमासान युद्ध appeared first on Rochakkhabare.
from Rochakkhabare http://ift.tt/2yevH2y
Comments
Post a Comment